Last Updated:April 04, 2025, 12:37 ISTUPSC Success Story, Praveen Kumar IAS: बिहार के प्रवीण कुमार ने सिर्फ देश की ही नहीं, बल्कि दुनिया की सबसे कठिन परीक्षाओं की लिस्ट में शामिल 3 परीक्षाएं पास की हैं. उनकी सक्सेस स्टोरी हर यूपीएससी एस्पिरेंट के ल…और पढ़ेंPraveen Kumar IAS Success Story: हाइलाइट्सप्रवीण कुमार ने UPSC में ऑल इंडिया रैंक 7 हासिल की.प्रवीण ने JEE, GATE, ESE और UPSC परीक्षाएं पास कीं.प्रवीण की सफलता की कहानी UPSC एस्पिरेंट्स के लिए मिसाल है.नई दिल्ली (UPSC Success Story, Praveen Kumar IAS). जेईई, गेट और यूपीएससी दुनिया की सबसे कठिन परीक्षाओं की लिस्ट में शामिल हैं. हर साल लाखों युवा ये परीक्षाएं देते हैं लेकिन उनमें से कुछ ही सफल होकर अपना नाम बना पाते हैं. आईएएस प्रवीण कुमार उन कुछ अफसरों में शामिल हैं, जिन्होंने इन तीनों परीक्षाओं में टॉप रैंक हासिल की. बिहार के रहने वाले प्रवीण कुमार की सक्सेस स्टोरी लाखों यूपीएससी एस्पिरेंट्स के लिए मिसाल है.
बिहार के जमुई जिले के रहने वाले प्रवीण कुमार ने यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा 2020 में ऑल इंडिया रैंक (AIR) 7 हासिल की थी. मिडिल क्लास फैमिली के प्रवीण कुमार अपने लक्ष्यों के प्रति काफी समर्पित थे. कड़ी मेहनत और त्याग से उन्होंने जेईई (JEE), गेट (GATE), ईएसई (ESE) और यूपीएससी (UPSC) जैसी परीक्षाएं पास कीं. वह अपनी खास स्ट्रैटेजी के लिए जाने जाते हैं. इंजीनियरिंग बैकग्राउंड के प्रवीण कुमार ने यूपीएससी परीक्षा के दूसरे प्रयास में सफलता हासिल की थी.
पिता मेडिकल स्टोर संचालक, पत्नी आईएएस अधिकारी आईएएस प्रवीण कुमार का जन्म बिहार के जमुई जिले में एक मध्यमवर्गीय परिवार में हुआ था. उनके पिता सीताराम वर्णवाल मेडिकल स्टोर संचालक हैं. उनकी मां वीणा देवी गृहिणी हैं. आईएएस प्रवीण कुमार की पत्नी अनामिका उत्तराखंड कैडर की IAS अधिकारी हैं और वर्तमान में उत्तराखंड के गढ़वाल जिले में सहायक जिला मजिस्ट्रेट (SDM) के पद पर कार्यरत हैं. वह मूल रूप से बिहार के गोपालगंज जिले की रहने वाली हैं. प्रवीण अपनी सफलता का श्रेय परिवार को देते हैं.
आईआईटी कानपुर से किया बीटेकप्रवीण कुमार ने रामकृष्ण विवेकानंद विद्या मंदिर, जमुई से स्कूलिंग की है. उन दिनों से ही वह पढ़ाई-लिखाई में काफी होशियार थे. इसके बाद जेईई पास कर उन्होंने आईआईटी कानपुर से सिविल इंजीनियरिंग में बी.टेक (B.Tech) किया. वह 2017 में ग्रेजुएट हुए थे. IIT कानपुर में पढ़ाई के दौरान GATE और ESE जैसी परीक्षाओं में भी उनका प्रदर्शन शानदार रहा था. प्रवीण कुमार ने गेट में 5, ईएसई (Engineering Services Exam) में 3 और यूपीएससी में 7वीं रैंक हासिल की.
यूपीएससी परीक्षा की तैयारी कैसे की?प्रवीण कुमार ने कम उम्र से ही अपने लक्ष्य तय कर लिए थे. वह समाज के लिए कुछ करना चाहते थे. दुनिया की सबसे कठिन परीक्षाएं पास करने के लिए उन्होंने मेहनत के साथ ही स्मार्ट स्ट्रैटेजी पर भी फोकस किया.
आईएएस अफसर बनने की रणनीति:सेल्फ स्टडी: यूपीएसी परीक्षा पास करने के लिए प्रवीण कुमार ने कोचिंग जॉइन की थी, लेकिन उनकी तैयारी का मुख्य आधार सेल्फ स्टडी थी. वह रोजाना 10-12 घंटे पढ़ाई करते थे.ऑप्शनल सब्जेक्ट: उन्होंने सिविल इंजीनियरिंग को चुना क्योंकि उन्होंने इसी में ग्रेजुएशन किया था. उनके पास GATE और ESE के नोट्स थे, जिनसे उन्हें खूब मदद मिली.नोट्स बनाना: प्रवीण ने खुद के नोट्स बनाने पर जोर दिया. इससे रिवीजन में समय बचा और समझ मजबूत हुई.पिछले साल के पेपर: उन्होंने पिछले कुछ सालों के UPSC पेपर सॉल्व किए. इससे यूपीएससी परीक्षा पैटर्न को समझने में मदद मिली.टाइम मैनेजमेंट: यूपीएससी प्रीलिम्स, मेन्स और इंटरव्यू के लिए अलग-अलग शेड्यूल बनाया. स्टैटिक और डायनामिक हिस्सों को बैलेंस किया.मॉक टेस्ट: नियमित मॉक टेस्ट देकर अपनी कमियों को सुधारा.पहला प्रयास: यूपीएससी परीक्षा के पहले अटेंप्ट में वह मेन्स में असफल रहे थे, लेकिन इससे सीख लेकर दूसरी बार रणनीति में सुधार किया.
प्रवीण कुमार यूपीएससी मार्कशीटप्रवीण ने साल 2020 में हुई यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा में सफलता हासिल की थी. यूपीएससी परीक्षा के दूसरे प्रयास में उनकी ऑल इंडिया रैंक 7 थी. आईएएस प्रवीण कुमार ने यूपीएससी मेन्स में 848 और इंटरव्यू में 193 अंक हासिल किए थे. इस हिसाब से उनके कुल मार्क्स 1041 थे. इससे उन्हें आईएएस में सरकारी नौकरी मिल गई. आईएएस ट्रेनिंग के बाद उन्हें बिहार कैडर अलॉट किया गया था. उनकी पहली पोस्टिंग सहायक जिला मजिस्ट्रेट (SDM) के रूप में हुई थी.
First Published :April 04, 2025, 12:37 ISThomecareerपिता मेडिकल स्टोर संचालक, बेटा पहले इंजीनियर, फिर बना IAS अफसर